Bachye Video Naa Dekhan-- Dekho jado Apradhi Ne Adalat chye Sab De Shamne Jhar Pii K Diti Apni Jaan......

ਬਚੇ ਵੀਡੀਓ ਨਾ ਦੇਖਣ – ਦੇਖੋ ਜਦੋਂ ਅਪਰਾਧੀ ਨੇ ਅਦਾਲਤ ਚ ਸਭ ਦੇ ਸਾਹਮਣੇ ਜ਼ਹਿਰ ਪੀ ਕੇ ਦਿੱਤੀ ਜਾਨ !!

ਬੋਸਨੀਆ ਦੇ ਸਾਬਕਾ ਫ਼ੌਜੀ ਕਮਾਂਡਰ ਅਤੇ ਜੰਗੀ ਅਪਰਾਧੀ ਸਲੋਬੋਦਾਨ ਪ੍ਰਾਲਿਏਕ ਨੇ ਕੌਮਾਂਤਰੀ ਅਦਾਲਤ ‘ਚ ਸੁਣਵਾਈ ਦੌਰਾਨ ਜ਼ਹਿਰ ਪੀ ਲਿਆ। ਇਸ ਤੋਂ ਬਾਅਦ ਉਸਨੂੰ ਹਸਪਤਾਲ ਲਿਜਾਂਦਾ ਗਿਆ ਜਿੱਥੇ ਉਸਦੀ ਮੌਤ ਹੋ ਗਈ।ਨੀਦਰਲੈਂਡ ਦੀ ਪੁਲਿਸ ਨੇ ਇਸ ਮਾਮਲੇ ਦੀ ਜਾਂਚ ਸ਼ੁਰੂ ਕਰ ਦਿੱਤੀ ਹੈ। ਇਸ ਸੁਣਵਾਈ ਦਾ ਸਿੱਧਾ ਪ੍ਰਸਾਰਣ ਕੀਤਾ ਜਾ ਰਿਹਾ ਸੀ।ਪ੍ਰਾਲਿਏਕ ਬੋਸਨੀਆ ਯੋਏਸ਼ੀਆ ਦੇ ਉਨ੍ਹਾਂ ਛੇ ਸਿਆਸਤਦਾਨਾਂ ਅਤੇ ਫ਼ੌਜੀ ਅਧਿਕਾਰੀਆਂ ‘ਚ ਸ਼ਾਮਿਲ ਸੀ ਜਿਨ੍ਹਾਂ ਦਾ ਮਾਮਲਾ ਕੌਮਾਂਤਰੀ ਅਪਰਾਧ ਅਦਾਲਤ ‘ਚ ਚੱਲ ਰਿਹਾ ਸੀ।

ਸਲੋਬੋਦਾਨ ਨੂੰ ਬੋਸਨੀਆ ਖਾਨਾ ਜੰਗੀ ਅਪਰਾਧਾਂ ਲਈ 2013 ‘ਚ 20 ਸਾਲ ਦੀ ਸਜ਼ਾ ਸੁਣਾਈ ਗਈ ਸੀ। ਸਜ਼ਾ ਖ਼ਿਲਾਫ਼ ਆਖਰੀ ਅਪੀਲ ‘ਤੇ ਸੁਣਵਾਈ ਹੋ ਰਹੀ ਸੀ।ਅਦਾਲਤ ਵੱਲੋਂ ਸਜ਼ਾ ਬਰਕਰਾਰ ਦੇ ਫ਼ੈਸਲੇ ਤੋਂ ਬਾਅਦ ਸਲੋਬੋਦਾਨ ਨੇ ਸ਼ੀਸ਼ੀ ‘ਚੋਂ ਕੋਈ ਤਰਲ ਪਦਾਰਥ ਮੂੰਹ ‘ਚ ਪਾ ਲਿਆ ਅਤੇ ਕਿਹਾ ਕਿ ਉਸਨੇ ਜ਼ਹਿਰ ਪੀ ਲਈ ਹੈ।

बोस्निया के पूर्व जनरल और युद्ध अपराधी स्लोबोदान प्रालियेक ने कोर्ट में चल रही सुनवाई के दौरान ही जहर पी लिया जिस कारण उसकी मौत हो गई। स्लोबोदान साल 1992 से 1995 तक बोस्निया में चले गृहयुद्ध के अपराधी थे। स्लोबोदान बोस्निया-क्रोएशिया के उन छह राजनीतिक और सैन्य नेताओं में शामिल था, जिनकी सुनवाई हेग की अंतरराष्ट्रीय क्रिमिनल ट्राइब्यूनल (आईसीटीवाई) में चल रही थी।

संयुक्त राष्ट्र वॉर क्राइम ट्राइब्यूनल के मुताबिक़ वर्ष 1993 में जंग के दौरान स्लोबोदान को ख़बर मिली थी कि सेना के जवान मुसलमानों को प्रोज़ोर में इकट्ठा कर रहे हैं। लेकिन सूचना मिलने के बाद भी स्लोबोदान ने उसे रोकने के लिए कुछ नहीं किया। साथ ही स्लोबोदान को यह जानकारी भी थी कि मुसलमानों की हत्या, अंतरराष्ट्रीय संस्थाओं पर हमले और शहर की ऐतिहासिक मस्जिदों और पुलों को तबाह करने की योजना बनाई जा रही है।

इन सभी घटनाओं की जानकारी होने के बाद भी स्लोबोदान ने कोई कदम नहीं उठाया। परिणामस्वरूप स्लोबोदान को मोस्टार शहर में किए गए इन्हीं युद्ध अपराधों के लिए 2013 में 20 साल की सजा सुनाई गई थी। हाल ही में की गई सुनवाई 20 साल की सजा के खिलाफ की गई आखिरी अपील पर हो रही थी।

स्लोबोदान को जैसे ही पता चला कि ट्राइब्यूनल ने उनकी सजा में कोई बदलाव ना करते हुए उसे बरकरार रखा है, उसी समय स्लोबोदान ने कहा कि, ‘मैंने जहर पी लिया है।’ फैसला आते ही स्लोबोदान खड़ा हुए, हाथ मुंह तक ले जाते हुए और कुछ पीने के अंदाज में सिर पीछे किया। सभी को ऐसा लगा जैसे उन्होंने गिलास से कोई तरल पदार्थ मुंह में डाला है।

जज कार्मेल एजिएस द्वारा तुरंत कोर्ट की कार्रवाई रोक दी गई और एंबुलेंस को बुला लिया गया। जज एजिएस ने सुनवाई रोकते हुए कहा, “ठीक है हम सुनवाई रोकते हैं पर वह गिलास मत हटाना जिससे उन्होंने कुछ पिया है.” अदालत में अफरातफरी मच गई और थोड़ी ही देर में एंबुलेंस के आते ही स्लोबोदान को अस्पताल पहुंचाया गया। डॉक्टरों की टीम अपने बैग के साथ तेज़ी से अंदर जाती नज़र आई। एक घंटे बाद अदालत के एक गार्ड ने रॉयटर्स को बताया कि स्लोबोदान का तब भी इलाज चल रहा था।

 

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